Friday, January 23, 2026
Geopolitics
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डोनाल्ड ट्रंप ने नॉर्वे के PM को भेजी धमकी भरी चिट्ठी: 'नोबेल नहीं मिला, अब ग्रीनलैंड चाहिए'

ABP News
January 19, 20263 days ago
'मुझे नोबेल नहीं मिला, अब मुझे ग्रीनलैंड चाहिए', डोनाल्ड ट्रंप ने नॉर्वे के PM को लिखी धमकी भरी चिट्ठी

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पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नोबेल पुरस्कार न मिलने पर नॉर्वे के प्रधानमंत्री को धमकी भरी चिट्ठी लिखी। उन्होंने कहा कि शांति अब उनकी प्राथमिकता नहीं है और नॉर्वे से डेनमार्क को ग्रीनलैंड अमेरिका को सौंपने के लिए कहने को कहा। ट्रंप का मानना है कि डेनमार्क ग्रीनलैंड की रक्षा नहीं कर सकता।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का नोबेल पुरस्कार नहीं मिलने का गुस्सा अब खुलकर सामने आने लगा है. अमेरिकी राष्ट्रपति ने नॉर्वे के प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोर को धमकी भरा संदेश भेजा है. इस चिट्ठी में ट्रंप ने कहा कि उन्हें नोबेल पुरस्कार नहीं दिया गया है, इसलिए शांति उनके लिए कोई प्राथमिकता नहीं रह गई. नॉर्वे के प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोरे ने सोमवार (19 जनवरी 2026) को पुष्टि की है कि उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का एक संदेश मिला है, जिसमें उन्होंने कहा है कि नोबेल पुरस्कार नहीं मिलने के बाद वे शांति के लिए बाध्य नहीं हैं. अमेरिका को सौंप दिया जाए अमेरिका: ट्रंप ट्रंप ने नॉर्वे को कहा है कि वो डेनमार्क से कहे कि ग्रीनलैंड को अमेरिका को सौंप दिया जाए. नॉर्वे के पीएम को लिखे पत्र में ट्रंप ने कहा, 'चूंकि आपके देश ने आठ युद्धों को रोकने के लिए मुझे नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित नहीं करने का फैसला किया है, इसलिए अब मुझे केवल शांति के बारे में सोचने की जरूरत नहीं है. हालांकि शांति हमेशा सर्वोपरि रहेगी, लेकिन अब मैं इस ये सोच सकता हूं कि संयुक्त राज्य अमेरिका के लिए क्या अच्छा और सही है.' डेनमार्क नहीं कर सकता ग्रीनलैंड की रक्षा: ट्रंप डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, 'डेनमार्क रूस या चीन से उस जमीन (ग्रीनलैंड) की रक्षा नहीं कर सकता है. वैसे भी डेनमार्क के पास कोई लिखित दस्तावेज नहीं है तो फिर उसके पास स्वामित्व का अधिकार कैसे है. बस इतना ही है कि सैकड़ों साल पहले एक शिप वहां उतरी थी, लेकिन हमारी शिप भी वहां उतरती थीं.' यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने नॉर्वे को नोबेल पुरस्कार न देने पर निशाना साधा है. हालांकि, सबसे जरूरी बात ये है कि नोबेल पुरस्कार का निर्णय नॉर्वे सरकार नहीं करता है, बल्कि ओस्लो स्थित एक स्वतंत्र समिति करती है. नॉर्वे के पीएम ने क्या कहा? नॉर्वे के अखबार Aftenposten से वहां के प्रधानमंत्री ने ट्रंप के संदेश की पुष्टि की. जोनास गहर स्टोरे ने बताया, 'राष्ट्रपति ट्रंप का संदेश मुझे 18 जनवरी 2026 को मिला. यह संदेश मुझे और फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब की ओर से दिन में पहले भेजे गए एक संक्षिप्त संदेश के जवाब में आया है.' जोनास गहर के मुताबिक उन्होंने फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब्ब के साथ मिलकर ट्रंप को एक चिट्ठी भेजी थी. इसमें फिनलैंड, नॉर्वे समेत कई अन्य देशों पर टैरिफ लगाने का विरोध किया गया था. ट्रंप ने खुद को शांति पुरस्कार के लिए बेहतर उम्मीदवार बताया अमेरिकी राष्ट्रपति का पूरा ध्यान इस समय ग्रीनलैंड पर केंद्रित है और वे इसे अमेरिका के लिए किसी भी कीमत पर हासिल करना चाहते हैं. ट्रंप ने बार-बार युद्ध रुकवाने का दावा किया और खुद को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए सबसे बेहतर उम्मीदवार बताया था. पिछले साल का पुरस्कार वेनेजुएला की विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो को दिया गया था. मचाडो ने बाद में अपना पुरस्कार ट्रंप को भेंट कर दिया.

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    ट्रंप की नॉर्वे PM को धमकी: नोबेल नहीं, ग्रीनलैंड चाहिए