Friday, January 23, 2026
Geopolitics
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20 साल का सबसे तेज सौर तूफान: अमेरिका-यूरोप में नॉर्दर्न लाइट्स का दीदार

AajTak
January 20, 20262 days ago
नॉदर्न लाइट्स से रोशन अमेरिका-यूरोप... 20 साल का सबसे तेज सौर तूफान

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20 साल का सबसे शक्तिशाली सौर तूफान पृथ्वी से टकराया, जिससे अमेरिका, कनाडा और यूरोप में दुर्लभ नॉदर्न लाइट्स दिखाई दीं। सूरज से निकले चार्ज्ड पार्टिकल्स के इस तेज विस्फोट ने 25 घंटे में पृथ्वी को प्रभावित किया, जिससे सामान्य से कहीं अधिक दूर तक रंगीन रोशनी दिखी। यह घटना 2003 के बाद सबसे बड़ा सौर विकिरण तूफान है।

सूरज से निकली सबसे बड़े सौर तूफान (solar radiation storm) ने 20 साल बाद पृथ्वी को प्रभावित किया है. इस तूफान की वजह से नॉर्दर्न लाइट्स अमेरिका, कनाडा और यूरोप के कई हिस्सों में दिखाई दी. यह घटना बहुत दुर्लभ है. रात के आसमान को हरा, लाल और बैंगनी रंगों से चमका रही है. Photo: AP अमेरिका के नेशनल ओशनिक एंड एटमॉस्फेरिक एडमिनिस्ट्रेशन (NOAA) ने बताया कि सूरज से रविवार को चार्ज्ड पार्टिकल्स का बड़ा विस्फोट हुआ. यह बादल (कोरोनल मास इजेक्शन - CME) सिर्फ 25 घंटे में पृथ्वी तक पहुंच गया, जबकि सामान्यतः 3-4 दिन लगते हैं. Photo: AFP 19 जनवरी 2026 को जियोमैग्नेटिक स्टॉर्म G4 स्तर (दूसरा सबसे ऊंचा) पर पहुंच गया. यह 2003 के बाद सबसे बड़ा सौर विकिरण तूफान है. NOAA ने S4 स्तर का सोलर रेडिएशन स्टॉर्म भी घोषित किया, जो 20+ साल में सबसे बड़ा है. Photo: AFP यूरोप में: जर्मनी (बर्लिन), स्विट्जरलैंड (आल्प्स), नीदरलैंड्स, यूक्रेन (लिविव), फ्रांस, हंगरी और ब्रिटेन में साफ दिखी. कई जगहों पर हरे-लाल रंगों की लहरें आसमान में नाच रही थीं. Photo: AP अमेरिका में: उत्तरी और मध्य राज्यों से लेकर दक्षिण तक – अल्बामा से उत्तरी कैलिफोर्निया तक. कई जगहों पर हरा, लाल और बैंगनी रंग दिखे. कनाडा में तो बहुत चमकीली थी. आमतौर पर नॉदर्न लाइट्स सिर्फ ध्रुवीय इलाकों में दिखती है. इस तूफान ने इसे बहुत दूर तक पहुंचाया. Photo: Reuters सूरज से निकले चार्ज्ड पार्टिकल्स (इलेक्ट्रॉन और प्रोटॉन) पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से टकराते हैं. ये पार्टिकल्स वायुमंडल में ऑक्सीजन और नाइट्रोजन से टकराकर रंगीन रोशनी पैदा करते हैं – हरा (ऑक्सीजन), लाल/बैंगनी (नाइट्रोजन). Photo: Reuters मजबूत तूफान में चुंबकीय क्षेत्र ज्यादा प्रभावित होता है, इसलिए रोशनी ज्यादा दूर और चमकीली दिखती है. सैटेलाइट, GPS, हाई-फ्रीक्वेंसी रेडियो और पावर ग्रिड पर असर पड़ सकता है. अंतरिक्ष में अंतरिक्ष यात्री और पोलर फ्लाइट्स के लिए रेडिएशन का खतरा बढ़ता है. Photo: Reuters 2003 के तूफान में स्वीडन में बिजली गुल हुई थी. साउथ अफ्रीका में ट्रांसफॉर्मर खराब हुए थे. सूरज का 11 साल का चक्र (सोलर साइकल) चल रहा है. 2024 के अंत में सोलर मैक्सिमम पहुंचा, लेकिन 2026 तक भी मजबूत घटनाएं जारी हैं. Photo: Reuters

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